कुछ दिन और जिया जाए

यूँ लगा! रहने लायक नहीं ये दुनिया 
 लेकिन तू फिर मुस्कुराया तो लगा
 कुछ दिन और जिया जाए
 दिलोदिमाग जानते हैं ,भ्रम है तेरा प्यार 
 चलो इस भ्रम में कुछ दिन और जिया जाए
 दिल में बेचैनी हो चाहे जितनी ,सब्र रख 
 कुछ दिन और जिया जाए
 तुम न भी चाहो तो कोई बात नहीं
 कुछ दिन और जिया जाए  
 गम और ख़ुशी लहरें है समंदर की 
 सुख दुःख में तेरा साथ निभाया जाए
 शायद खुशियां छिपी हैं इसी शर्त में 
 हर हाल में तेरे सुर में सुर मिलाया जाए .

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