सरमाया

सुना तैयार है कोई दिल की, सुनने सुनाने को  
संभलना बैठा न हो कहीं,गम को ही भुनाने को  
गम है तेरा सरमाया, संवारेगा तुझे हर पल   
गम को साथ रख हर वक़्त, नहीं है ये भुलाने को

2 thoughts on “सरमाया

Leave a Reply