तसव्वुर

आ तसव्वुर से बाहर हक़ीक़त  की सेज़ पे 
झूठे वादों की लम्बी फेहरिस्त आ गयी मेज़ पे 
प्यार ख़ूबसूरती वफ़ा चाहत सब हैं हवाओं में 
घायल मन दर्द आंसू शिकवे शिकायत हैं पेज़ पे 

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